श्री किरपारामजी खिड़िया री विलक्षण सूझ बूझ – राजेंद्रसिंह कविया संतोषपुरा सीकर
विलक्षण बुध्दिलब्धी अर महान मेधा रा धणी किरपारामजी खिड़िया रीति-नीति अर मर्यादा रा मोटा मानवी हा। किरपारामजी रो आदू गांव जूसरी नागौर जिला री मकराणा तहसील कनै आयो थको पण कर्मक्षेत्र वर्तमान में राजस्थान रो सीकर जिलो, तात्कालीन जयपुर रियासतरो बड़ो ठिकाणों हो। उण समय जोधपुर मानसिंह जी रो राज हो अर जयपुर में जगतसिंह जी अर प्रतापसिंह जी शासक रैया। पूरा राजस्थान में मराठां, पिंडारियां री लूटाखोस अर धमचक मंडियोड़ी रैवती। उण समै सीकर में रावराजा लिछमणसिंह जी पाट बिराजिया हा अर किरपारामजी बांरा मानीता दरबारी होवता हा। उण दिनां रियासतां रा छोटा मोटा ठिकाणेदारां रे सागै झंझट झमैला चालता ई रैवता। आं झगड़ां री कड़ी में लगाण री बातां ने लेयर जयपुर रियासत री कोपदृष्टि सीकर रा ठिकाणां पर हुयगी।[…]
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